सुमेरपुर (पाली)। नकबजनी एवं वाहन चोरी की बढ़ती वारदातों के खिलाफ पाली पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने शातिर अभ्यस्त नकबजन व हिस्ट्रीशीटर असलम कुरैशी उर्फ असलमीया और उसके दो सगे भाइयों को गिरफ्तार कर चोरी की एक बड़ी वारदात का खुलासा किया है। आरोपियों के कब्जे से चोरी की गई बेलोनो कार, लैपटॉप और नकदी की शत-प्रतिशत बरामदगी की गई है।
गायत्री कॉलोनी की वारदात का खुलासा
जिला पुलिस अधीक्षक पाली आदर्श सिद्धू आईपीएस ने बताया कि 16 व 17 जनवरी की रात सुमेरपुर कस्बे की गायत्री कॉलोनी में सूने मकान का ताला तोड़कर नकबजनी की गई थी। चोरों ने मकान से लैपटॉप, नकदी और बाहर खड़ी बेलोनो कार चोरी कर ली थी। घटना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस थाना सुमेरपुर में विशेष टीम का गठन किया गया।
विशेष टीम ने ऐसे पकड़ा गिरोह
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बाली चैनसिंह महेचा के मार्गदर्शन और पुलिस उपाधीक्षक सुमेरपुर जितेंद्रसिंह आरपीएस के सुपरविजन में थानाधिकारी रविंद्र सिंह खिंची के नेतृत्व में गठित टीम ने सीसीटीवी फुटेज, मुखबिर तंत्र और तकनीकी सहायता से जांच को आगे बढ़ाया। पूर्व में चालानशुदा आरोपियों की गतिविधियों को खंगालते हुए पुलिस ने शिवगंज (सिरोही) थाना क्षेत्र के हिस्ट्रीशीटर असलम कुरैशी और उसके भाई अरबाज कुरैशी व सोयल कुरैशी को गिरफ्तार किया।
नशे की लत बना अपराध की वजह
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी एमडी, स्मैक और गांजे के आदी हैं। नशे की लत पूरी करने के लिए वे सूने मकानों, मंदिरों और आस-पास के इलाकों की रेकी कर रात के समय नकबजनी और वाहन चोरी की वारदातों को अंजाम देते थे।
अन्य वारदातों को लेकर पूछताछ जारी
गिरफ्तार आरोपियों से जिले के अन्य थाना क्षेत्रों में हुई नकबजनी, चोरी और वाहन चोरी की घटनाओं को लेकर गहन पूछताछ की जा रही है। पुलिस को इस गिरोह से और खुलासों की उम्मीद है।
गठित पुलिस टीम
इस कार्रवाई में थानाधिकारी रविंद्र सिंह खिंची, उपनिरीक्षक दिनेश कुमार, कांस्टेबल दिलीप सिंह मीणा, छोटू सिंह, नवीन कुमार मीणा, चालक देवेंद्र कुमार मीणा, हितेश कुमार, करण कुमार और सुमाराम शामिल रहे।
गिरफ्तार मलजिमान

पुलिस की आमजन से अपील
पाली पुलिस ने आमजन से अपील की है कि ऑपरेशन ‘गुप्त व प्रहार’ को सफल बनाने के लिए अवैध मादक पदार्थों की तस्करी, खरीद-फरोख्त या वांछित अपराधियों की सूचना बिना डर दिए गए व्हाट्सएप नंबर 9251255006 पर भेजें। सूचनाकर्ता की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।







